Mahatma Gandhi Death Anniversary: ..जब मौत के कुहासे ने शाम में ही पूरे देश को स्याह कर दिया

Mahatma Gandhi Death Anniversary: ..जब मौत के कुहासे ने शाम में ही पूरे देश को स्याह कर दिया


30 जनवरी 1948 का दिन कहने को तो साल के बाकी दिनों जैसा ही था, लेकिन शाम होते होते यह इतिहास में सबसे दुखद दिनों में शुमार हो गया। दरअसल 30 जनवरी 1948 की शाम को नाथूराम गोडसे ने महात्मा गांधी की जान ले ली।


विडम्बना देखिए कि अहिंसा को अपना सबसे बड़ा हथियार बनाकर अंग्रेजों को देश से बाहर का रास्ता दिखाने वाले महात्मा गांधी खुद हिंसा का शिकार हुए। वह उस दिन भी रोज की तरह शाम की प्रार्थना के लिए जा रहे थे।

उसी समय गोडसे ने उन्हें बहुत करीब से गोली मारी और साबरमती का संत ‘हे राम’ कहकर दुनिया से विदा हो गया। अपने जीवनकाल में अपने विचारों और सिद्धांतों के कारण चर्चित रहे मोहन दास करमचंद गांधी का नाम उनकी मृत्यु के बाद दुनियाभर में कहीं ज्यादा इज्जत और सम्मान से लिया जाता है।


Popular posts
सरई बाजार से बोलेरो हुई चोरी पता नहीं चला कानो कान
Image
अडानी कंपनी की कोल परिवहन मे लगी गाड़ी से खनुआ निवासी 25 वर्षीय राजू सिंह की हुई दर्दनाक मौत,कोल परिवहन बना जिले के लोगों के लिए मौत का कुआं,असमय काल के गाल में समाते जा रहे हादशों में लोग
Image
अपराधिक तत्वों को बढ़ावा देने वाले चौकी प्रभारी के खिलाफ क्षेत्रीय जनता ने उठाई आवाज चौकी प्रभारी को तुरंत बर्खास्त करने की मांग
Image
सोनभद्र के अगोरी व ब्रह्मोरी क्षेत्र में बेखौफ चल रहा है वैध के नाम पर अवैध बालू खनन,सेंचुरी एरिया में नदी की धारा में व धारा को मोड़ कर जेसीबी व नाव से हो रहा अवैध खनन प्रशासन मौन क्यों
Image
नवांकुर संस्था ग्राम विकास प्रस्फुटन समिति पड़खुडी द्वारा किया गया नशा मुक्ति अभियान के तहत समन्वय बैठक
Image